सगी बेहेन का सील थोड़ा

ये स्टोरी मेरे ओर मेरे सिस्टर की है की कैसे मैने अपनी सिस्टर को छोड़ा. मेरे घर मे मेरे मम्मी पापा के अलावा मई और मेरी 17 साल की बहन शीना है,वो बहुत ही खूबसूरत है, बिल कुल कटरीना जैसी और उसका फिगेर भी बहुत अच्छा है, उसका फिगर 37-24-36 का है. मूज़े उसके बूब्स बहुत पसंद है.वो 10त मे पढ़ रती थी. तब मूज़े सेक्स की अच्छी ख़ासी जानकारी हो गयी थी और लग भाग रोज ही मेरा लॅंड टाइट हो जाता था और मेरा मान मूठ मरने को करता था. मई स्कूल की लड़कीो को इमॅजिन कर के हफ्ते मे 2-3 बार मूठ मार लेता था पर अब मेरा मान कर रहा था की मई किसी लड़की के साथ कुछ करू,. ऐसे ही कुछ दिन निकल गये फिर मैने देखा की शीना भी अब बड़ी हो रही गई और जवानी उसके बदन पे साफ दिख रही थी. उसके स्तन उस समय 37 की साइज़ के थे पर बहुत रौंद और रसीले थे एक दम सेक्सी लगते थे. कलाज ड्रेस मे जब वो घर्मे होती थी तो मान करता था की अभी उसको बहो मे लेके उसके बूब्स का सारा रस पी जौ.. वो ग़ज़ब दिखती थी. कभी कभी वो लो कट के टॉप पहनती थी जिससे उसके 37 साइज़ क बूब्स दिखाई देते थे. मई अक्सर उसे झाड़ू लगते टाइम देखता था और पागल हो जाता था. एक दिन शाम को जब मई अपने कमरे मे पढ़ाई कर रह था तब वो कलाज से आई और थोड़ी देर बाद मेरे कमरे मे झाड़ू लगने लगी. उसने लो कट का सलवार कमीज़ पहना हुआ था, उसके गले से गोल गोल चुचिया साफ दिख रही थी. मई उसके बूब्स का मज़ा ले रहा था और इधर पैंट मे मेरा लॅंड खड़ा हो गया था. अचानक उसने मूज़े अपने दूधु को घूरते हुए देख लिया और अपनी कमीज़ ठीक करके दूसरी और झाड़ू लगाने लगी. थोड़ी देर बाद वो झाड़ू लगते लगते फिर से मेरे पास आई.. इस बार तो वो इतनी नज़दीक थी की उसके बूब्स सॉफ सॉफ दिखाई दे रहे थे. मेरा लंड एक दम टाइट हो गया और मई अपनी जीभ अपने होतो पर फेरने लगा. उसने फिरसे मूज़े आपने बूब्स की और घुटे हुए देखा और गुस्से से मेरी और देखने लगी., मई घबरा गया. उसने जल्दी जल्दी झाड़ू लगाया और चल.और मई रात मे उसे अपने ख़यालो मे छोड़ता था. एक दिन वो बातरूम मे नहाने गयी. मैने बातरूम के दरवाज़े मे एक होल कर दिया. और मई बातरूम मे देखने लगा उसने पहले तो अपने मौते मे सोबुन लगाया उसके बाद अपना शर्ट उतरी वो काली ब्रा मे दिखा रही थी हाए क्या बूब्स यानी चुचिया थी उसकी मई उसको देखार पागल सा हो गया.

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फिर उसने अपनी पैंट उतरी वो एक काली पँति पहने हुई थी. फिर उसने नहाना शर किया. थोड़ी देर बाद उसने अपनी पँति और ब्रा भी उतार दी मई आउट ऑफ कंट्रोल हो गया और वही पेर मूठ मरने लगा. वो अपने बर और चुचियो मे साबुन लगा रही थी.फिर मई उसी दिन से मेक की तलाश मे था की मई कैसे अपनी दीदी को कोडू. एक दिन मम्मी पापा को किसी काम से गाओं जाना पड़ा पेर हमारे एग्ज़ॅम्स के कारण हम नही जा सके हम लोग एक किराए के कमरे मे रहते है जिसमे एक ही बेड आता है जिसमे मैं और पापा बेड पेर और मेरी बेहन और मम्मी नीचे सोते है जब मम्मी पापा गाओं चले गये तो रात को दीदी मुझसे कहने लगी की मुझे नीचे अकेले सोने मे दर लगता है तो मैने दीदी से कहा की कोई बात नही तुम मेरे साथ उपेर बेड पेर सो जाओ रात को लगभग 11:30 पेर जब मेरी आँख खुली तो मैने देखा की दीदी का सूट तोरा उपेर हो गया था और उसकी नाभि दिख रही थी मैं अपना हाथ दीदी के मुममे पेर रख कर सहलाने लगा फिर मे4ने दीदी के सूट को तोड़ा उपेर काइया और उसकी नेवेल पेर किस करने लगा हू सो रही थी फिर मेरी हिम्मत बढ़ी और दीदी के सूट मे हाथ डालकर उसके मुममे सहलाने लगा तभी दीदी थोड़ी हिली तो मैं सोने का नाटक करने लगा दीदी ने अपने कपड़े ठीक किए और सो गयी. अगले दिन मैं सुबा स्कूल चला गया शाम को जब मैं वापस आया तो दीदी खाना बना रही थी डिन्नर करने के बाद जब हम सोने लगे तो दीदी कहने लगी की मेरे सिर मे दर्द हो रहा है ज़रा सिर डब आ दो तो मैं दीदी का सिर दबाने लगा पेर मेरी नज़र तो दीदी के मुम्मो पेर थी मैं धीरे धीरे दीदी का सिर सहलाने लगा .ऐसा करते करते वो शायद सो गयी लेकिन माने औसा करना जारी रखा क्योकि मुझे तो मज़्ज़ा आ रहा था मैने उस दिन उसके गले मे कान मे गाल्ल मे सभी जगह अपने हाथ को लगाया मेरा लंड ऐसा करते हुए एक दूं खड़ा हो गया था मेरी साँसे तेज़ चल रही थी मैने देखा दीदी की भी नींद टूट रही थी तो मैने अब हाथ फेरना बंद कर दिया लेकिन वो एक दूं बोल पड़ी क्या हुआ राहुल प्ल्ज़ करो ना अक्चा लग रहा हैं मैं टच करता रहा मैने धीरा से अपना एक पैर उसकी झांगो पर रख दिया और उसके हाथ फेरता रहा वो सलवार कमीज़ पहें के सोई थी मैने उसके गाल मे अपने हाथ को फेरा उसकी आंक खुली थी और वो मेरे को देख रही थी लेकिन कुछ नहीं बोली और करवट बदल कर उल्टी हो के लेट गयी उसकी कमीज़ उसके हिप्स तक उठी हुई थी और सलवार कुछ ट्रॅन्स्परेंट होने के कारण उसकी पनटी साग नज़र आ रही थी मैने उसकी हिप्स पर हाथ रखा तो ऐसा लगा की वो बेहोश हीईीई होने वाली हूँ वो बोल पड़ी बहहइीईया क्याअ कार्ररर रहे हो प्ल्ज़ सोने दो ना कल कलाज……भी जानना हैं मैने कहा: तू सो जा ना मैं तो तेरे को सुला ही रहा हूँ.

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दीदी : ऐसे नींद कहा आअएगी क्या कर रहे हो

मैं बोला: कुछ नहीं तू सोने की कोशिश कर अभी नींद आ जाएगी

दीदी : ठीक हैं.

और उसने आखे बंद कर ली लेकिन वो सो नहीं रही थी मैने उसकी पूरी पीठ पर अपने हाथ फेरा उसने ब्रा पहनी थी उसकी ब्रा का हुक मेरे हाथो टकराया उसकी आँख खुली और बोली सोने नहीं दे रहे हो मैने कहा अक्चा सो जा अब नहीं करूँगा और उसने फिर आँके बंद कर ली मैने उसके हिप्स पर हाथ फेरा और उसकी कमीज़ को और उपर कर दिया आब उसकी सलवार के ठीक उपर उसकी लाइट ब्लू पनटी का उपर का हिस्सा सॉफ नज़र आ रहा थे वो सीन बहुत ही एग्ज़ाइटेड था मैने पहली बार अपनी बहुत की पनटी को देखा त्ााआआअहह.

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