दोस्त की बेहेन की चुदाई

मैं इस साइट का रेग्युलर रीडर हूँ ओर मैने बहुत स्टोरीस रेड की है तो सोचा मैं भी अपने साथ हुए सेक्स कहानी को आप सब के साथ शेर करूँ ये मेरा पहला सेक्स था तो कैसे मैं अपने दोस्त की बाहें को पाटकर छोड़ा अब मैं सेधा स्टोरी पर आता हूँ ये बात आज से 4-5 साल पाहले की है जब मैं पड़ती थी मेरी उमर 18 साल ओर उसकी 18 थी फिगर 30-26-32 का रंग गोरा ओर देखने मैं ऐसे की का भी ईमान बिगड़ जाए तो मैं अब स्टोरी पर आता हूँ मेरा उसके घर पर आना जाना था ओर उनके बराबर वेल मकान मैं रहते थे ओर मैं अक्सर उससे मज़ाक करता रहता था.
ओर वो स्माइल कर देती थी मेरे बॉडी एथलेटिक टाइप है क्यूंकी मैं रेग्युलर सुबह ज़मे करता हूँ हिएगत 5फ्ट 9इंच है वो मुझे देखेर हमेशा स्माइल पास करती थी मेरा एक छोटा भाई था तो वो उसे ज़्यादा टाइम खिलती थी तो एक दिन वो उसे खिलाने के लिए लेकर गयी मेरे भाई ने पापा का फोन लेकर हेलो हेलो करता था तो उन दोनो के पास पहुँचा तो मैं अपने भाई से बोला की किससे बात कर रहा है तो बोली अपनी किस गफ़ से कर रहा होगा मैं बोला पागल ये तो बच्चा है तो वो बोली ओर तू मैं सोच मैं पद गया की इसने क्या बोल दिया मैं बोला ओर तू का क्या मतलब है ओर वो बोली तेरी कोई गफ़ है क्या मैं बोला नही मुझे उसके बारे मैं पता था उसका कोई ब्फ नही था तो मैने मौका देखार चोका मारा मैं बोला तू मुझसे फरंदष्प करोगी तो उसने कोई जवाब नही दिया ओर चुप रही मैने डोरी देर बाद.

फिर पूछा तो बोली मैने कब माना किया है मैं बोला तो हन भी कब बोला है प्ल्ज़ टेल मे एस आंड नो तो उसने कहा एस मैं बहुत कुश हो गया ओर हन मैं एक बात बताना भूल गया उसके घरवाले मुझ पर बहुत भरोसा करते थे मैं उसके पास कितनी देर तक बात करूँ वो कुछ भी नही कहते थे ओर कुछ दिन ऐसे ही चला ओर वो मुझसे सर्माने लगी मुझे एक दिन गुस्सा आ गया ओर उससे बोला तू मुझसे प्यार करती है या नही वो बोली हन मैं बोला मुझे भरोसा नही है वो बोली मैं क्या करूँ मैं बोला एक किस दे मुझको मैं जब बिलीव करूँगा वो कुछ नही बोली ओर नज़रे नीचे कर ली हम दोनो उस टाइम बाल्कनी मैं साइड मैं खड़े थे ओर किसी को कुछ भी दिखाई नही दे रहा था तो मैने उसका हाथ पकड़कर अपनी तरफ खींच लिया ओर अपने लीप को उसके लीप से जोड़ दिया.
ओर एक हाथ उसको बॉब्स पर रककर सहलाता रहा वो भी साथ देने लगी ओर उसकी साँसे तेज़ चलने लगी मैं उसको आपनी बाहों मैं जाकड़ लीईी ओर किस करता रहा वो अब माना करने लगे कोई आ जाएगा प्ल्ज़ छोड़ दो मैं बोला पहले वाडा करूँ की रात को मिलॉगी वो बोली ठीक है मैं बताना भूल गया की गर्मी का टाइम था तो उसके घरवाए सब ओपपेर सोते थे ओर वो नीचे अपने कमरे मैं मैने उसके पहले ही बोल दिया था की रात को बाहर का दरवाजा खुला रखना नही तो आवाज़ होगी.
ओर रात को 1आम पर उसका मेरे मोबाइल पर अपने लंडलिने नंबर पर फोन आया की आ जाओ मैं नंगे पेर अपने घर से निकालकर चुपचाप उसके घर मैं चला गया ओर उसके कमरे मैं जाते ही उसको पकड़ के उसके उपर लेट गया ओर किस करने लगे हम दोनो को बहुत मज़ा आने लगा क्यूंकी हम दोनो वर्जिन थे ओर सेक्स सिर्फ़ वीडियोस मैं ही देखता मैने उसके त_शर्ट्स को उपेर उठा दिया ओर उसके बॉब्स को नंगा कर दिया मेरे हाथ लगते ही उसको मौत से सेक्सी आवाज़ आई ओर मैं जोस मैं आ गया ओर उसके बॉब्स को मूह मैं लेकेर चूसने लगा ओर वो अकड़ने लगी मैने अपना एक हाथ उसकी जीन्स के अंदर ले जाकर उसकी छूट को सहलाने लगा.

और कहानिया   सुहागरात की चुदाई सबसे यादगार

ओर उसने मुझे बाहों मैं भर लिया ओर मेरे को मूह मैं काटने लगी मैने उसकी जीन्स पनटी को निकल दिया वो क्या छूट थी उसकी छोटे2 बाल ओर कसी हुई छूट मेरे लॅंड(7इंच) खड़ा हो गया ओर मुझसे रहा नही गया ओर टाँगे को कंधे पर रख कर लॅंड को उसकी छूट पर रगड़ने लगा ओर वो मेरे कंधे को पकड़कर अपनी तरफ खीचएने लगी मैं हल्का सा दखा लगाया लेकिन लॅंड अंदर नही जा रहा था बहुत देर कोसिस की ओर मैं जोश मैं आकर ऐसे ही बाहों लेकर धक्के मारकर डिसचार्ज हो गया वापस मैने उसको आपनी बाहों मैं लेकर उसकी गर्दन पर किस करने लगा.
ओर उसकी टॅंगो के बीच मैं अपनी तंग देकर उसके आस को प्रेस करता रहा ओर डोरी मैं उसने मुझे कर अपनी बाहों मैं भींच लिया मैं समझ गया की ये डिसचार्ज हो गयी है मेरा लॅंड फिर खड़ा हो गया ओर फिर ट्राइ करने लगा उसकी छूट इस बार चिकनी हो गयी थी ओर मैने एक ज़ोर का झटका लगाया ओर चीख पड़ी मेरे लॅंड का अगला हिस्सा उसके अंदर था मैं दर गया क्यूंकी कोई जाग ना जाए मैयाने उसको अपनी मैं लेकर किस करता रहा ओर देर बाद वो भी हिलने लगी मैं देर ना करते हुए एक जटका ओर लगाया ओर पूरा लॅंड उसके अंदर वो रोने लगी मैं फिर उसे किस करने लगा ओर टोरी देर बाद उसने मेरी कमर को आपने दोनो हाथों से पकड़ लिया ओर मैने अपने लॅंड को अंदर बाहर करने लगा.
वो झाड़ गयी लेकिन मैं लगातार धक्के मरता रहा वो फिर से मुझसे चिपक गयी ओर आस को अप्पर उठाकर मज़े लेने लगी ओर फिर झाड़ गयी लेकिन मैं परेशन हो गया मेरे लॅंड मैं दर्द होने लगा ओर मैं झाड़ नही परहा था ओर वो भी परेशन हो गयी ओर रोने लगी मैने तेज़ जटके लगाने शुवर कर दिए ओर 30मीं के बाद मैं भी जड़ गया मैं देल्ही मैं रहता हूँ अगर कोई भी लड़की.

और कहानिया   कविता ने मुझसे अपनी सील तुड़वाई

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

shares